स्वतंत्र भारद्वाज एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और खुद को हिंदुत्ववादी/सनातन एक्टिविस्ट बताते हैं। वे हाल ही में दिल्ली के जंतर-मंतर से जुड़े एक वायरल पॉडकास्ट इंटरव्यू के कारण चर्चा में आए। सोशल मीडिया पर वे खुद को “स्वतंत्र सनातनी योद्धा” भी कहते हैं। वहीं, एक मामले को लेकर उन पर SC/ST Act के अलावा हत्या के प्रयास करने के तहत धारा 307 BNS/IPC और अन्य गंभीर धाराओं के तहत मुकदमे दर्ज किए गए हैं।  

पॉडकास्ट में क्या दावा किया?

स्वतंत्र भारद्वाज ने पॉडकास्ट में कहा कि जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़े निशु आजाद के पिता संजय कुमार के साथ उनकी मारपीट हुई, जिसमें उन्होंने निशु के पिता का सिर फोड़ दिया। उन्होंने यह भी दावा किया कि बड़े नेताओं से नजदीकी के कारण उन्हें पुलिस ने जेल नहीं भेजा और वे खुलेआम घूम रहे हैं। उन्होंने चिराग पासवान को अपना बड़ा भाई बताया। 

विवाद बढ़ने पर स्वतंत्र भारद्वाज का बयान

वीडियो वायरल होने के बाद उन्होंने कहा कि ये हमला उन्होंने आत्मरक्षा में किया, क्योंकि लोग उन्हें घेर रहे थे। हालंकि, बाद में उन्होंने पॉडकास्ट को फर्जी बताया और कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से एडिट किया गया है। एक अन्य इंटरव्यू में उन्होंने CJP की मांगों में कोई गलत बात नहीं बताई, लेकिन आंदोलन के दौरान कुछ नारों और लोगों से आपत्ति जताई। उन्होंने निशु आजाद को लेकर भी धमकी दी।

पुलिस ने हिरासत में लिया

इस वीडियो के बाद दिल्ली में भारी विरोध प्रदर्शन हुए और उनकी गिरफ्तारी की मांग हुई। दिल्ली पुलिस ने उन्हें बुलंदशहर से हिरासत में लिया है और मामले की जांच जारी है।