असम के डिब्रूगढ़ जिले में शुक्रवार सुबह ऑयल इंडिया लिमिटेड (OIL) के टैंक फार्म में आग लगने के बाद जोरदार विस्फोट हुआ। तेंगाखात स्थित इंटरमीडिएट टैंक फार्म (ITF) में हुए इस हादसे में कम से कम पांच कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि एक व्यक्ति लापता बताया जा रहा है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मशीन की नियमित सर्विसिंग के दौरान हुआ हादसा
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, हादसा शुक्रवार सुबह उस समय हुआ, जब टैंक फार्म में तकनीकी काम चल रहा था। बताया जा रहा है कि कच्चे तेल के भंडारण वाले हिस्से में एक वाल्व को ऑपरेट करने के दौरान विस्फोट हुआ। इसके बाद वहां आग फैल गई। स्पेक्ट्रॉन इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड के एरिया मैनेजर कमल फुकन ने बताया कि मशीन की नियमित मेंटेनेंस और सर्विसिंग का काम किया जा रहा था। इसी दौरान दुर्घटना हुई। उन्होंने कहा कि घायल कर्मचारियों को डिब्रूगढ़ के असम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (AMCH) पहुंचाया गया है।
पांच घायल अस्पताल में भर्ती, एक कर्मचारी लापता
हादसे में घायल कर्मचारियों की पहचान तापस गोगोई (40), शैलेन गोगोई (45), कुमुद गोगोई (38), गोलाप दत्ता (58) और इंद्र गोगोई (40) के रूप में हुई है। तापस गोगोई डिब्रूगढ़ के मिलन नगर के निवासी हैं, जबकि बाकी चार कर्मचारी तेंगाखात के रहने वाले बताए गए हैं। सभी पांच घायलों को असम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, विस्फोट के बाद एक अन्य कर्मचारी का पता नहीं चल पाया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, धमाके की तीव्रता के कारण वह घटनास्थल से दूर जा गिरा। उसकी तलाश के लिए विशेष टीम जुटी हुई है।
हादसे की जांच जारी
बताया जा रहा है कि हादसे में प्रभावित कर्मचारी मुंबई की स्पेक्ट्रॉन इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े थे। इस कंपनी को ऑयल इंडिया लिमिटेड ने टैंक फार्म में तकनीकी कार्य और रखरखाव की जिम्मेदारी दी थी। फिलहाल विस्फोट और आग लगने के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। शुरुआती रिपोर्टों में वाल्व के संचालन के दौरान धमाके की बात सामने आई है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। घटना में प्रभावित लोगों की कुल संख्या और लापता कर्मचारी की स्थिति को लेकर भी विस्तृत जानकारी का इंतजार है।