Gold And Silver Rate Today : पूरे देश में आज यानी छह नवंबर 2026 को धनतेरस का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा। इस खास मौके पर सुख-समृद्धि पाने के लिए खरीदारी करने तथा निवेश करने को सबसे उत्तम माना जाता है। लोग परंपरा के मुताबिक सोने-चांदी के सिक्के, सुंदर आभूषण और नए बर्तन बड़े पैमाने पर खरीदते हैं। आपने भी सर्राफा बाजार जाने का मन बना लिया है तो दुकान की सीढ़ियां चढ़ने से पहले आज के ताजा भाव जरूर पता होने चाहिए। कमोडिटी मार्केट यानी एमसीएक्स फ्यूचर्स से लेकर आपके शहर के स्थानीय ज्वेलरी बाजार में आज क्या कीमत चल रही है, आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं।

कहां-क्या रेट?

आप ऑनलाइन माध्यम से या कमोडिटी मार्केट के जरिए सोना-चांदी खरीदने का विचार कर रहे तो यह आपको दुकानों के फिजिकल गोल्ड और सिल्वर के मुकाबले थोड़ा सस्ता पड़ सकता है। एमसीएक्स गोल्ड वायदा यानी दिसंबर डिलीवरी वाला सोना एक लाख चौवालीस हजार रुपये प्रति दस ग्राम के स्तर पर कारोबार कर रहा। एमसीएक्स सिल्वर वायदा एक लाख सत्तासी हजार रुपए प्रति किलो के आसपास ट्रेड हो रही। इसके विपरीत दुकानों पर 46 कैरेट सोना एक लाख छियालीस हजार रुपये प्रति दस ग्राम और चांदी का भाव दो लाख दस हजार रुपये प्रति किलो के पार निकल चुका है, क्योंकि इसमें जीएसटी और मेकिंग चार्ज अलग से जोड़े जाते हैं।

24K, 22K व 18K सोने में क्या अंतर?

24 कैरट: यह 99.9% शुद्ध सोना माना जाता है। इसका प्रयोग खासतौर पर सोने के सिक्के और बिस्किट खरीदने के लिए किया जाता है।

22 कैरट: इसमें 91.6 % सोना होता है तथा मजबूती देने के लिए इसमें तांबा या चांदी मिलाई जाती है। अधिकतर आभूषण इसी से तैयार किए जाते हैं।

18 कैरट: इसमें 75% शुद्ध सोना होता है। स्टडेड और डायमंड ज्वेलरी बनाने के लिए इसका उपयोग सबसे ज्यादा किया जाता है।

धनतेरस के इस पावन पर्व पर दिल्ली, जयपुर और लखनऊ जैसे शहरों में चौबीस कैरेट सोना सबसे महंगे एक लाख छियालीस हजार एक सौ अस्सी रुपये के स्तर पर बिक रहा है। चांदी का भाव अधिकतर शहरों में दो लाख दस हजार रुपये प्रति किलो बना हुआ है। आप आभूषण खरीदने जा रहे तो हमेशा बीआईएस हॉलमार्क वाली ज्वेलरी खरीदें और बिल पर उसकी शुद्धता की जांच अवश्य करें।

अलग-अलग शहरों में सोने के दाम अलग होने की 4 मुख्य वजह

ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी: एक शहर से दूसरे शहर सोना पहुंचाने में ईंधन और सुरक्षा का खर्च जुड़ जाता है। इससे दूरी बढ़ने के साथ दाम भी बढ़ने लगते हैं।

खरीदारी की मात्रा: दक्षिण भारत में सोने की खपत ज्यादा यानी 40% होने के कारण ज्वेलर बड़ी मात्रा में खरीद करते हैं, लेकिन ग्राहकों को मिलने वाली छूट का दायरा सीमित रहता है।

लोकल ज्वेलरी एसोसिएशन: राज्य और शहर के स्थानीय ज्वेलरी एसोसिएशन वहां की मांग और सप्लाई के आधार पर ही रोजाना के रेट तय करते हैं।

पुराना स्टॉक और खरीद मूल्य: ज्वेलर्स का पुराना खरीदा हुआ रेट ही तय करता है कि वे ग्राहकों को किस कीमत पर सोना बेचेंगे।

इस साल सोना आठ हजार रुपये महंगा और चांदी उनचास हजार रुपये सस्ती हुई

इस साल सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। अब तक सोना आठ हजार रुपये महंगा हो चुका है। इकतीस दिसंबर 2025 को दस ग्राम सोना एक लाख तैंतीस हजार रुपये था, जो अब बढ़कर एक लाख इकतालीस हजार रुपये पर पहुंच गया है। चांदी इकतीस दिसंबर 2025 को दो लाख तीस हजार रुपये प्रति किलो थी, जो घटकर अब एक लाख इकयासी हजार रुपये रह गई है। इस दौरान 29 जनवरी को सोने ने एक लाख छहत्तर हजार रुपये और चांदी ने तीन लाख छियासी हजार रुपये का ऑलटाइम हाई रिकॉर्ड भी बनाया था।

ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का खास ध्यान रखें

सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें: हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड यानी बीआईएस का हॉलमार्क लगा हुआ प्रमाणित सोना खरीदें। यह नंबर अल्फान्यूमेरिक यानी कुछ इस तरह हो सकता है। जैसे- AZ4524। हॉलमार्किंग देखकर ही असली शुद्धता का पता चलता है।

कीमत क्रॉस चेक करें: सोने का सही वजन और खरीदने के दिन उसकी कीमत कई भरोसेमंद स्रोतों जैसे इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन की आधिकारिक वेबसाइट से जरूर क्रॉस चेक करें। सोने का भाव चौबीस कैरेट, बाईस कैरेट और अठारह कैरेट के हिसाब से अलग-अलग होता है।

असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके

मैग्नेट टेस्ट: असली चांदी चुंबक से नहीं चिपकती है। वह चुंबक से चिपक जाए तो समझ लें कि वह नकली है।

आइस टेस्ट: चांदी की वस्तु पर बर्फ का टुकड़ा रखें। असली चांदी पर बर्फ बहुत तेजी से पिघलती है।

स्मेल टेस्ट: असली चांदी में गंध नहीं आती है। नकली चांदी में कॉपर यानी तांबे जैसी गंध महसूस होती है।

क्लॉथ टेस्ट: चांदी को सफेद साफ कपड़े से जोर से रगड़ें। कपड़े पर काला निशान बन जाए तो वह चांदी बिल्कुल असली है।