Kolkata SIR Protest News : मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया को लेकर दिल्ली में भारी विरोध-प्रदर्शनों की आंच अब पश्चिम बंगाल तक पहुंच चुकी है। कोलकाता में भी इसके खिलाफ आंदोलन की धार तेज होती जा रही है। विपक्षी राजनीतिक दलों, विभिन्न नागरिक संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इसके विरोध में बड़े पैमाने पर रणनीतिक कार्यक्रमों की घोषणा कर दी है। 

ज्ञानेश कुमार का तत्काल इस्तीफा मांग रहा विपक्ष

प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का तत्काल इस्तीफा और विवादित एसआईआर प्रक्रिया को तुरंत रद्द करना शामिल है। इन मांगों को लेकर कोलकाता में जगह-जगह बड़े जुलूस निकालने और नागरिक सम्मेलनों का आयोजन करने की पूरी रूपरेखा तैयार की गई है।

13 अक्टूबर को सिटिजंस फोरम का बड़ा सम्मेलन

इसी क्रम में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के वरिष्ठ नेता विकासरंजन भट्टाचार्य और पूर्व नौकरशाह जवाहर सरकार समेत कई हस्तियों से जुड़े सिटिजंस फोरम वेस्ट बंगाल ने 13 अक्टूबर को एक विशाल नागरिक सम्मेलन आयोजित करने का आह्वान किया है। इस सम्मेलन का मुख्य ध्येय आम नागरिकों के संवैधानिक व लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा करना और न्याय की आवाज को बुलंद करना है। इस महत्वपूर्ण आयोजन में देश के पूर्व चुनाव आयुक्त अशोक लवासा और प्रसिद्ध अभिनेता व सामाजिक-राजनीतिक कार्यकर्ता प्रकाश राज के भी विशेष रूप से शामिल होने की पूरी संभावना है।

भाजपा सरकार और केंद्रीय गृह मंत्री पर तीखे हमले

माकपा नेता विकास रंजन भट्टाचार्य ने केंद्र की भाजपा (BJP) सरकार पर बड़ा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल में एसआईआर प्रक्रिया को जानबूझकर नागरिकता के मुद्दे से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस साजिश के जरिए समाज के गरीब, वंचित और शोषित तबके के लोगों को सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के लाभ से बेदखल किया जा रहा है।