इजरायल के तेल अवीव से ऑस्ट्रिया की राजधानी वियना जा रही ऑस्ट्रियन एयरलाइंस की फ्लाइट OS82 को बम से उड़ाने की धमकी मिली। इसके बाद विमान की बुल्गारिया की राजधानी सोफिया में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। विमान में 51 यात्री और चालक दल के 6 सदस्य सवार थे। सुरक्षा के मद्देनजर बुल्गारियाई वायुसेना के लड़ाकू विमान ने भी एयरबस A320 को सोफिया तक एस्कॉर्ट किया। सभी यात्रियों को सुरक्षित विमान से उतार लिया गया और अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी।
रोमानिया की सीमा के पास मिली धमकी
जानकारी के मुताबिक, विमान जब रोमानिया की सीमा के नजदीक था, तभी चालक दल को बम से जुड़ी धमकी का संकेत मिला। इसके बाद सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत विमान का मार्ग बदलकर सोफिया की ओर कर दिया गया। चालक दल ने स्थिति को देखते हुए वहां आपातकालीन लैंडिंग का फैसला लिया। बुल्गारिया के परिवहन और संचार मंत्रालय के अनुसार, उड़ान के दौरान मिली धमकी के बाद संबंधित एजेंसियों को अलर्ट किया गया। विमान के सोफिया हवाई अड्डे पर उतरने तक वायुसेना का लड़ाकू विमान उसके साथ रहा।
विमान में 51 यात्री और 6 क्रू सदस्य थे
एयरबस A320 में कुल 57 लोग सवार थे, जिनमें 51 यात्री और चालक दल के छह सदस्य शामिल थे। विमान के सुरक्षित उतरने के बाद सभी यात्रियों को बाहर निकाल लिया गया। किसी यात्री के घायल होने की तत्काल जानकारी सामने नहीं आई। घटना के बाद विमान की सुरक्षा जांच शुरू की गई। अधिकारियों ने यह पता लगाने के लिए पड़ताल शुरू की कि धमकी कहां से आई थी और क्या विमान में वास्तव में कोई विस्फोटक मौजूद था। जांच के अंतिम नतीजे को लेकर अभी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
यात्रियों को दूसरी उड़ानों से भेजने की तैयारी
आपातकालीन लैंडिंग के कारण यात्रियों की आगे की यात्रा प्रभावित हुई। विमानन कंपनी ने यात्रियों को जल्द से जल्द वैकल्पिक उड़ानों से उनके गंतव्य तक पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू करने की जानकारी दी। इस घटना के बाद विमानन सुरक्षा से जुड़ी एजेंसियां अलर्ट हो गईं। अधिकारियों ने विमान की जांच और धमकी के स्रोत का पता लगाने पर ध्यान केंद्रित किया है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि धमकी जानबूझकर दी गई थी या यह गलत सूचना का मामला था।
मामले की जांच जारी
बुल्गारिया में आपातकालीन प्रबंधन के लिए संबंधित अधिकारियों की टीम बनाई गई है। सुरक्षा एजेंसियां धमकी से जुड़ी परिस्थितियों की जांच कर रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि विमान को खतरा वास्तविक था या नहीं। समय रहते विमान को सुरक्षित हवाई अड्डे पर उतार लिए जाने से बड़ी दुर्घटना टल गई। हालांकि, इस घटना ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में सुरक्षा व्यवस्था और धमकी मिलने पर अपनाए जाने वाले आपातकालीन प्रोटोकॉल की अहमियत को सामने ला दिया है।